वाराणसी में दहेज लोभियों को सबक, दुल्हन ने खुद बुलाई पुलिस; बोली- ‘लालची परिवार में शादी नहीं करूंगी’

वाराणसी: उत्तर प्रदेश के वाराणसी में एक शादी समारोह उस वक्त नाटकीय मोड़ पर आ गया, जब दुल्हन ने जयमाल के बाद मंडप में ही शादी करने से इनकार कर दिया। दुल्हन का यह साहसी कदम दूल्हे और उसके परिवार द्वारा लगातार दहेज की मांग और उसके पिता के सार्वजनिक अपमान के बाद सामने आया। दुल्हन ने खुद पुलिस को फोन किया, जिसके बाद दूल्हा और उसके परिजन अब हवालात में हैं।

पूरी घटना: दहेज के लिए दूल्हे ने रोका जयमाला

यह घटना 23 नवंबर को शिवपुर के बसही स्थित मंगल मंडपम में हुई। नई बस्ती पांडेपुर की रहने वाली चांदनी जायसवाल (एम.ए. पास) की शादी भदोही के सुरियावां निवासी रोहित जायसवाल से तय हुई थी, जो मुंबई में प्राइवेट नौकरी करता है।

शादी की रस्में शुरू होने के बाद, जब दुल्हन चांदनी हाथों में जयमाल लिए नाचते हुए स्टेज पर पहुंची, तो दूल्हे ने जयमाल पहनने से मना कर दिया। कारण था दहेज में तय ₹2 लाख में से बकाया ₹25,000 की मांग।

पिता का अपमान: दुल्हन के पिता राजेंद्र प्रसाद जायसवाल ने दूल्हे और उसकी माँ को समझाने की बहुत कोशिश की, लेकिन वे नहीं माने। अंत में, पिता को एक रिश्तेदार से कर्ज लेकर तुरंत ₹25,000 दूल्हे की माँ को देने पड़े। रुपए मिलने के बाद ही दूल्हे ने जयमाल की रस्म पूरी की।

खाना खाने के समय फिर मचा बवाल

जयमाल के बाद लगा कि सब सामान्य हो जाएगा, लेकिन दूल्हे पक्ष का लालच यहीं नहीं रुका। खाना खाने के समय दूल्हे की माँ ने फिर एक नई माँग रखी। उन्होंने खाने पर आए अपने मेहमानों के लिए लिफाफे (रुपए) देने की माँग शुरू कर दी।

पिता राजेंद्र प्रसाद जायसवाल ने बताया कि दूल्हे पक्ष के लोग उन्हें बार-बार अपमानित करने लगे। इस सार्वजनिक बेइज्जती से आहत बेटी चांदनी टूट गई और फूट-फूटकर रोने लगी।

दुल्हन का ऐतिहासिक कदम: शादी तोड़ी और पुलिस बुलाई

पिता के अपमान और दूल्हे वालों के बेकाबू लालच को देखते हुए दुल्हन चांदनी ने तुरंत फैसला लिया कि वह इस लालची परिवार में शादी करके अपना जीवन बर्बाद नहीं करेगी।चांदनी ने देर न करते हुए खुद ही शिवपुर थाना पुलिस को फोन किया।

दूल्हा पहुंचा हवालात: सूचना पर पहुंची पुलिस ने दूल्हे और उसके परिवार को मौके से थाने ले जाकर पूछताछ की।

दहेज उत्पीड़न का केस: दुल्हन चांदनी की लिखित शिकायत पर दूल्हे रोहित जायसवाल और उसके परिवार पर दहेज उत्पीड़न समेत अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया और दूल्हे को हवालात में डाल दिया गया।

दुल्हन बोली: ऐसे परिवार में शादी नहीं कर सकती

दुल्हन चांदनी जायसवाल ने अपने साहसी कदम पर कहा, “मेरे पिता अब तक शादी पर करीब ₹15 लाख खर्च कर चुके हैं। लेकिन, लड़के वालों की माँग कम ही नहीं हुई। मैंने फैसला किया कि मैं ऐसे परिवार में शादी कर अपना जीवन बर्बाद नहीं कर सकती।

“पिता राजेंद्र प्रसाद जायसवाल, जिन्होंने सब्जी बेचकर बेटी को पढ़ाया-लिखाया था, ने कहा, “दूल्हे वालों की डिमांड और दुर्व्यवहार ने मेरे परिवार को तोड़कर रख दिया।

“फिलहाल, दुल्हन पक्ष शादी में हुए पूरे खर्च की भरपाई की माँग कर रहा है। शिवपुर के थाना इंचार्ज वीरेंद्र सोनकर ने बताया कि दोनों पक्षों से बातचीत की जा रही है और शिकायत के आधार पर कार्रवाई की जा रही है।

लोग दुल्हन के इस साहसिक कदम की जमकर सराहना कर रहे हैं, जिसने अपने पिता की इज्जत के लिए खड़े होकर दहेजखोरों को कानून के हवाले कर दिया।