
आगरा: मोहब्बत की निशानी ताज का दीदार करने का सपना कभी-कभी असावधानी की वजह से कड़वे अनुभव में बदल जाता है। रविवार को दुनिया के सात अजूबों में शुमार ताजमहल के परिसर में एक ऐसी ही दर्दनाक घटना घटी। पश्चिम बंगाल से परिवार के साथ घूमने आई एक महिला पर्यटक सीढ़ियों से उतरते समय अपना संतुलन खो बैठीं और बुरी तरह गिरकर घायल हो गईं। इस हादसे के बाद स्मारक परिसर में हड़कंप मच गया।
पश्चिम बंगाल से ताजमहल देखने आई थी महिला
प्राप्त जानकारी के अनुसार, पश्चिम बंगाल के नादिया (छपरा) जिले की रहने वाली 50 वर्षीय महिला अपने परिवार के साथ आगरा भ्रमण पर आई थीं। रविवार की छुट्टी होने के कारण ताजमहल में पर्यटकों की काफी भीड़ थी। महिला ताजमहल के दीदार के बाद पश्चिमी गेट की ओर जाने वाली सीढ़ियों से नीचे उतर रही थीं। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि सीढ़ियों पर अधिक भीड़ और संभवतः पैर फिसलने के कारण महिला अपना नियंत्रण खो बैठीं और कई पायदान नीचे जा गिरीं।
अचानक मची अफरा-तफरी, सुरक्षाकर्मी आए आगे
जैसे ही महिला सीढ़ियों पर गिरीं, उनके चीखने की आवाज सुनकर आसपास मौजूद पर्यटक सहम गए। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि गिरते ही महिला के पैर में गंभीर चोट आई और वह दर्द से बेहाल होकर वहीं बैठ गईं। महिला की हालत देख मौके पर मौजूद अन्य पर्यटकों और गाइडों की भीड़ जमा हो गई। इस स्थिति को देखते हुए वहां तैनात ताज सुरक्षा के जवान और भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) के कर्मचारी तुरंत मौके पर पहुंचे।
पुलिस की ‘क्विक रिस्पांस टीम’ ने पेश की मिसाल
घटना की गंभीरता को देखते हुए ताज सुरक्षा थाना पुलिस की क्विक रिस्पांस टीम (QRT) ने मोर्चा संभाला। पुलिसकर्मियों ने न केवल भीड़ को तितर-बितर किया बल्कि घायल महिला को ढांढस बंधाया। पुलिस टीम ने बिना समय गंवाए प्राथमिक उपचार की व्यवस्था की और एंबुलेंस को सूचना दी। मानवीय संवेदना का परिचय देते हुए पुलिसकर्मियों ने घायल महिला को सहारा देकर एंबुलेंस तक पहुँचाया, जहाँ से उन्हें तुरंत नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया।
भीड़भाड़ और लापरवाही बन सकती है बड़ी वजह
ताजमहल में विशेषकर सप्ताहांत (Weekends) पर पर्यटकों की संख्या लाखों में पहुँच जाती है। मुख्य गुंबद और प्रवेश द्वारों की सीढ़ियों पर पर्यटकों का दबाव अधिक रहता है। सुरक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि स्मारकों में घूमते समय फोटो खिंचवाने या जल्दबाजी करने के चक्कर में अक्सर पर्यटक सीढ़ियों पर ध्यान नहीं दे पाते। इस घटना ने एक बार फिर स्मारकों में पर्यटकों की सुरक्षा और सावधानी बरतने की आवश्यकता को रेखांकित किया है।
प्रशासन की पर्यटकों से अपील
इस हादसे के बाद ताज सुरक्षा पुलिस और स्थानीय प्रशासन ने पर्यटकों से विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि स्मारक के भीतर पत्थर काफी पुराने और चिकने हैं, साथ ही सीढ़ियों पर चलते समय मोबाइल का उपयोग या जल्दबाजी करना खतरनाक साबित हो सकता है।
अस्पताल के सूत्रों के अनुसार, घायल महिला के पैर में फ्रैक्चर की आशंका है, लेकिन उनकी स्थिति अब स्थिर है और विशेषज्ञ डॉक्टरों की देखरेख में उनका इलाज चल रहा है।
निष्कर्ष (Conclusion)
ताजमहल जैसी ऐतिहासिक धरोहरों का भ्रमण आनंददायक होता है, लेकिन हमारी एक छोटी सी चूक इस सफर को भारी पड़ सकती है। रविवार को हुई यह घटना हमें याद दिलाती है कि भीड़भाड़ वाले स्थानों पर चलते समय सतर्कता कितनी अनिवार्य है। प्रशासन की त्वरित कार्रवाई सराहनीय है, जिसने समय रहते महिला को चिकित्सीय सहायता उपलब्ध कराई।



