
उत्तर प्रदेश के रामपुर जिले से एक ऐसी खबर सामने आई है जिसने न केवल ग्रामीणों को हैरान कर दिया है, बल्कि सोशल मीडिया पर भी यह चर्चा का केंद्र बनी हुई है। रामपुर के अजीमनगर थाना क्षेत्र में एक अनोखा मामला देखने को मिला, जहाँ शादी की रस्में पूरी कर ससुराल पहुंची दुल्हन ने महज 6 घंटे के भीतर एक स्वस्थ बच्ची को जन्म दे दिया। जिस घर में दुल्हन के स्वागत की तैयारियाँ चल रही थीं, वहाँ अचानक नवजात की किलकारियां गूंजने लगीं।
शुरुआत में यह खबर सुनकर हर कोई दंग रह गया, लेकिन जैसे-जैसे पूरी सच्चाई सामने आई, कहानी में एक दिलचस्प मोड़ आ गया।
रामपुर के कुम्हरिया गांव में ‘सरप्राइज’ डिलीवरी
मामला अजीमनगर थाना क्षेत्र के कुम्हरिया गांव का है। यहाँ के निवासी रिजवान की शादी शनिवार शाम बहादुरगंज गांव की एक युवती के साथ बड़े ही धूमधाम से संपन्न हुई थी। निकाह के बाद दूल्हा अपनी दुल्हन को विदा कराकर घर लाया। ससुराल में दुल्हन का पारंपरिक स्वागत हुआ और परिवार के सदस्य जश्न मना रहे थे। लेकिन रात करीब 12 बजे अचानक खुशियों के माहौल में तनाव पैदा हो गया जब दुल्हन ने पेट में तेज दर्द की शिकायत की।
परिजनों ने इसे सफर की थकान या सामान्य दर्द समझकर पास की एक महिला डॉक्टर को बुलाया। डॉक्टर ने जब जांच की, तो स्थिति स्पष्ट हो गई। रविवार तड़के सुबह दुल्हन ने एक सुंदर सी बच्ची को जन्म दिया, जिससे पूरे गांव में सनसनी फैल गई।
प्रेम कहानी से लेकर पुलिस चौकी तक का सफर
इस घटना के पीछे की कहानी महज एक इत्तेफाक नहीं है, बल्कि यह एक लंबी प्रेम कहानी का सुखद अंत है। जानकारी के अनुसार, रिजवान और उक्त युवती के बीच काफी समय से प्रेम संबंध थे। दोनों एक-दूसरे से निकाह करना चाहते थे, लेकिन मामला सुलझने में समय लग रहा था।
हाल ही में युवती अपनी मांग लेकर अजीमनगर थाना क्षेत्र की मुरसैना चौकी भी पहुंची थी। पुलिस और गांव के सम्मानित प्रधानों के हस्तक्षेप के बाद दोनों परिवारों के बीच बातचीत हुई। आपसी सहमति से यह तय किया गया कि दोनों का निकाह करा दिया जाए। पुलिस की मौजूदगी में हुए इस समझौते के बाद ही शनिवार को रिजवान बारात लेकर बहादुरगंज पहुंचा था।
दूल्हे ने बच्ची को अपनाया और बांटी मिठाइयां
आमतौर पर ऐसी घटनाओं के बाद समाज में विवाद या तनाव की स्थिति बन जाती है, लेकिन यहाँ नजारा बिल्कुल अलग था। दूल्हा रिजवान पहले से ही पूरी स्थिति से अवगत था। जैसे ही बच्ची का जन्म हुआ, रिजवान ने न केवल अपनी पत्नी का साथ दिया बल्कि बच्ची को भी पूरे हक के साथ अपनाया।
जैसे ही बच्ची के स्वस्थ होने की खबर मिली, रिजवान ने पूरे गांव में मिठाइयां बांटीं। पिता बनने की खुशी उसके चेहरे पर साफ झलक रही थी। रिजवान का कहना है कि यह बच्ची उसके और उसकी पत्नी के प्यार की निशानी है और वह बहुत खुश है कि सब कुछ शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुआ।
पुलिस प्रशासन का क्या है कहना?
इस पूरे मामले पर पुलिस प्रशासन ने भी स्पष्टीकरण दिया है। अजीमनगर थाना प्रभारी कारण सिंह ने बताया कि मामले की जानकारी मिलते ही चौकी प्रभारी द्वारा इसकी जांच की गई थी। जांच में पाया गया कि दोनों पक्षों के बीच पुराना प्रेम संबंध था और युवती पहले से ही गर्भवती थी।
थाना प्रभारी ने बताया, “चूंकि दोनों पक्षों ने आपसी सहमति और रजामंदी से निकाह किया है और अब दोनों साथ रह रहे हैं, इसलिए किसी भी पक्ष की ओर से कोई कानूनी शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है। दोनों परिवार इस नई खुशी से संतुष्ट हैं।
“आधुनिक समाज के लिए एक अलग मिसाल
रामपुर की यह घटना पारंपरिक ग्रामीण परिवेश में एक अलग मिसाल पेश करती है। जहाँ अक्सर ऐसी स्थितियों में लोक-लाज के डर से रिश्तों में दरार आ जाती है, वहीं कुम्हरिया गांव के इस परिवार ने इंसानियत और प्रेम को सर्वोपरि रखा। ग्रामीणों के बीच अब भी यह मामला चर्चा का विषय है, लेकिन अधिकांश लोग रिजवान के अपनी पत्नी और बच्ची को अपनाने के फैसले की सराहना कर रहे हैं।




