मार्शल आर्ट्स की दुनिया में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाते हुए आगरा कॉलेज के छात्रों ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि अगर हौसले बुलंद हों, तो सफलता कदम चूमती है। हाल ही में हरियाणा के रोहतक में संपन्न हुई ऑल इंडिया इंटर यूनिवर्सिटी पेंचक सिलाट चैंपियनशिप 2026 में आगरा कॉलेज के दो होनहार खिलाड़ियों ने कांस्य पदक जीतकर न केवल अपने संस्थान का, बल्कि पूरे ताजनगरी का नाम रोशन किया है।

प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन: शिवा और प्रशांत की जोड़ी ने मारी बाजी

​आगरा कॉलेज के बी.एससी. द्वितीय सेमेस्टर के छात्र शिवा शर्मा और प्रशांत रावत ने इस राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता में अपनी चपलता और तकनीक से विरोधियों को कड़ी टक्कर दी। पेंचक सिलाट, जो कि एक पारंपरिक और कठिन मार्शल आर्ट माना जाता है, उसमें इन दोनों छात्रों का प्रदर्शन बेहद सधा हुआ और प्रभावशाली रहा। मैदान पर उनकी फुर्ती और एकाग्रता ने दर्शकों और जजों का दिल जीत लिया, जिसके परिणामस्वरूप उन्होंने कांस्य पदक (Bronze Medal) पर अपना कब्जा जमाया।

रोहतक में सजा था दिग्गजों का जमावड़ा

​इस प्रतिष्ठित चैंपियनशिप का आयोजन 9 मार्च से 13 मार्च 2026 तक महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय (MDU), रोहतक के परिसर में किया गया था। इस पांच दिवसीय प्रतियोगिता में देशभर के विभिन्न राज्यों के विश्वविद्यालयों से आए सैकड़ों दिग्गज खिलाड़ियों ने भाग लिया। इतने बड़े मंच पर, जहाँ प्रतिस्पर्धा का स्तर अत्यंत कठिन था, वहाँ आगरा के इन युवाओं ने अपने कौशल और अनुशासन का परिचय देते हुए पदक तालिका में अपनी जगह बनाई।

कठिन परिश्रम और अनुशासन का परिणाम

​किसी भी खिलाड़ी के लिए राष्ट्रीय स्तर पर पदक जीतना रातों-रात संभव नहीं होता। शिवा और प्रशांत की इस जीत के पीछे महीनों की कड़ी ट्रेनिंग और अनुशासन छिपा है। कॉलेज की पढ़ाई के साथ-साथ सुबह-शाम अभ्यास की थकान को मात देकर इन छात्रों ने खुद को पेंचक सिलाट की बारीकियों में ढाला। कोच के मार्गदर्शन और अपनी अटूट इच्छाशक्ति के बल पर ही वे इस मुकाम तक पहुँच पाए हैं।

आगरा कॉलेज में जश्न का माहौल: शिक्षकों ने थपथपाई पीठ

​जैसे ही जीत की खबर आगरा कॉलेज पहुँची, पूरे परिसर में खुशी की लहर दौड़ गई। कॉलेज प्रशासन, प्राध्यापकों और छात्रों ने ढोल-नगाड़ों और मिठाइयों के साथ इस उपलब्धि का स्वागत किया। कॉलेज के मीडिया प्रभारी डॉ. गौरव कौशिक ने आधिकारिक बयान जारी करते हुए दोनों विद्यार्थियों को उनकी इस उल्लेखनीय सफलता पर हार्दिक बधाई दी।

​प्रशासन ने कहा कि कॉलेज सदैव शिक्षा के साथ-साथ खेलों को भी बढ़ावा देता रहा है और शिवा व प्रशांत जैसे छात्र आने वाली पीढ़ी के लिए प्रेरणा के स्रोत हैं। उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए कॉलेज प्रबंधन ने उन्हें आगे की प्रतियोगिताओं के लिए हर संभव सहायता प्रदान करने का आश्वासन दिया है।

क्या है पेंचक सिलाट? खेलों में इसका बढ़ता महत्व

​पेंचक सिलाट (Pencak Silat) एक इंडोनेशियाई मार्शल आर्ट शैली है जिसमें आत्मरक्षा, मानसिक अनुशासन और शारीरिक सौंदर्य का अनूठा मिश्रण होता है। भारत में भी अब इस खेल के प्रति युवाओं का आकर्षण तेजी से बढ़ रहा है। इंटर यूनिवर्सिटी स्तर पर ऐसे खेलों में पदक जीतना यह दर्शाता है कि भारतीय युवा अब क्रिकेट और फुटबॉल से हटकर गैर-पारंपरिक खेलों में भी अपनी पहचान बना रहे हैं।