
कैबिनेट मंत्री योगेन्द्र उपाध्याय ने आगरा में ‘घर-घर स्वदेशी’ पर दिया ज़ोर; स्वदेशी उत्पादों को अपनाने का आह्वान
आगरा, उत्तर प्रदेश: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आत्मनिर्भर भारत संकल्प अभियान को एक जन आंदोलन बनाने की दिशा में भारतीय जनता पार्टी (BJP) दक्षिण विधानसभा क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण व्यापारी सम्मेलन आयोजित किया गया। इस कार्यशाला में उत्तर प्रदेश के उच्च शिक्षा मंत्री योगेन्द्र उपाध्याय ने स्पष्ट किया कि आत्मनिर्भर भारत का सपना पूरा करने के लिए केवल सरकारी प्रयास ही काफी नहीं हैं, बल्कि इसमें हर नागरिक की भूमिका बेहद जरूरी है।
सरकारी पहल से जन-प्रेरणा तक: क्यों है स्वदेशी जरूरी?
नॉर्थ ईदगाह कॉलोनी के एक होटल में आयोजित इस सम्मेलन में कैबिनेट मंत्री योगेन्द्र उपाध्याय ने कहा, “आत्मनिर्भर भारत संकल्प अभियान सिर्फ एक सरकारी पहल नहीं, बल्कि हर भारतीय के लिए एक प्रेरणा है।” उन्होंने ज़ोर दिया कि जब हर घर में स्वदेशी उत्पादों का इस्तेमाल होगा और स्थानीय उद्योगों को बढ़ावा मिलेगा, तभी देश सही मायनों में आत्मनिर्भर बन पाएगा।
कार्यक्रम का शुभारंभ कैबिनेट मंत्री योगेन्द्र उपाध्याय, मथुरा के पूर्व महापौर मुकेश आर्य बंधु, व्यापारी नेता टीएन अग्रवाल, और पूर्व मंत्री डॉ. रामबाबू हरित ने भारत माता और भाजपा के संस्थापकों के चित्रों के समक्ष दीप जलाकर किया।
2047 के विकसित राष्ट्र का लक्ष्य और व्यापारियों की जिम्मेदारी
मंत्री योगेन्द्र उपाध्याय ने व्यापारियों को संबोधित करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने दूरगामी सोच के साथ 2047 तक विकसित राष्ट्र का सपना देखा है। उन्होंने कार्यशाला के संदेशों—”लोकल से ग्लोबल” और “घर-घर स्वदेशी”—को हर नागरिक के लिए एक चुनौती और अवसर बताया। उन्होंने विश्वास जताया कि यदि हम सब मिलकर इस संकल्प को अपनाएं, तो भारत का हर कोना वास्तव में आत्मनिर्भर और उज्जवल बन सकता है।
पंडित दीनदयाल उपाध्याय के विचारों में स्वदेशी की नींव
कार्यक्रम के अतिथि मुकेश आर्य बंधु ने पंडित दीनदयाल उपाध्याय के एकात्म मानववाद के विचारों का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि देश की आर्थिक व्यवस्था स्वदेशी पर आधारित होनी चाहिए, क्योंकि स्वदेशी के बिना न तो स्वतंत्रता की रक्षा हो सकती है और न ही न्याय की गारंटी मिल सकती है। उन्होंने बताया कि ‘मेक इन इंडिया’, ‘स्टार्टअप इंडिया’, ‘वोकल फॉर लोकल’ और ‘आत्मनिर्भर भारत’ जैसी योजनाएं विदेशी निर्भरता कम कर स्वदेशी उत्पादन को नई ऊंचाइयों पर ले जा रही हैं।
GST में बदलाव और ‘लोकल से ग्लोबल’ की सोच
व्यापारी नेता टीएन अग्रवाल ने प्रधानमंत्री मोदी द्वारा त्योहारों से पहले GST में किए गए बदलावों की सराहना की, जिसे उन्होंने उपभोक्ताओं और व्यापारियों दोनों के हित में बताया। उन्होंने व्यापारियों से स्वदेशी के संकल्प को मजबूती से अपनाने का आह्वान किया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे पूर्व मंत्री डॉ. रामबाबू हरित ने प्रधानमंत्री की “लोकल से ग्लोबल” तक की सोच पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि अगर हर भारतीय अपने घर में स्वदेशी उत्पादों का इस्तेमाल करने लगे, तो यह न केवल अर्थव्यवस्था को मज़बूत करेगा, बल्कि देश के कारीगरों, उद्यमियों और युवाओं को नई उड़ान देगा। उन्होंने कार्यकर्ताओं से इस अभियान को जन आंदोलन का रूप देने और हर गली-मोहल्ले तक “घर-घर स्वदेशी” का संदेश पहुंचाने का आग्रह किया।
कार्यक्रम का सफल संचालन वरिष्ठ भाजपा नेता दीपक खरे ने किया।
इनकी रही मौजूदगी:आत्मनिर्भर भारत कार्यशाला में हेमंत भोजवानी, नीरज गुप्ता, डा पार्थ सारथी शर्मा, निर्मला दीक्षित, धीरज जैन, आदेश सिंगल, देवेश पचौरी, राजू कुशवाहा, विपुल मित्तल, धीरज कोहली, राजेश प्रजापति, सुनील करमचंदानी सहित पार्टी पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।




